झाड़ौदा गांव में युवक ने बुआ चाचा पर चलाई गोलियां, बुआ की चली गई जान, चाचा घायल

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August 25, 2026

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झाड़ौदा गांव में युवक ने बुआ चाचा पर चलाई गोलियां, बुआ की चली गई जान, चाचा घायल

-शालीमार बाग में लूटपाट के बाद महिला की हत्या,

नई दिल्ली/- द्वारका जिले के बाबा हरिदास नगर स्थित झाड़ौदा कलां गांव में मंगलवार रात एक युवक ने बुआ और चाचा पर गोलियां बरसा दीं। हमले में बुआ मुकेश (42) की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि गर्दन में गोली लगने के बाद चाचा कप्तान सिंह (55) को बहादुरगढ़ के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वारदात के बाद पुलिस ने देर रात आरोपी भतीजे मोनू (34) को गिरफ्तार कर पिस्टल बरामद कर ली है। शुरुआती जांच में पुलिस को पता चला है कि प्रॉपर्टी विवाद में आरोपी ने वारदात को अंजाम दिया है।
             पुलिस मोनू से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है। पुलिस के मुताबिक कप्तान सिंह परिवार के साथ बाबा हरिदास नगर के झाड़ौदा कलां गांव में रहते हैं। परिवार में बुजुर्ग मां के अलावा बहन मुकेश थीं। अविवाहित कप्तान खेती करते हैं। मुकेश की बहादुरगढ़ में शादी हुई थी। पति की मौत के बाद उन्होंने भाई कप्तान के साथ ही रहना शुरू कर दिया था। मुकेश का एक 16 साल का बेटा था जिसकी ढाई माह पूर्व ही बीमारी से मौत हुई थी। वहीं, कप्तान के घर सामने उनके बड़े भाई जयसिंह का परिवार रहता है।
              जयसिंह के परिवार में दो शादीशुदा बेटियां व एक बेटा मोनू हैं। जयसिंह के बड़े बेटे काला की कई साल पहले मौत हो गई थी। काला के एक बेटा व बेटी को कप्तान पाल रहे हैं जबकि काला की पत्नी ने मोनू से शादी कर ली थी। जयसिंह और कप्तान के बीच ठीक संबंध नहीं थे। प्रॉपर्टी को लेकर मनमुटाव रहता था।

उत्तर-पश्चिम दिल्ली के शालीमार बाग इलाके में लूटपाट के बाद एक महिला की हत्या कर दी गई। मृतका की शिनाख्त रजनी मदान (57) के रूप में हुई है। हत्या का खुलासा मंगलवार रात उस समय हुआ जब रजनी का बेटा दफ्तर से घर पहुंचा।
               उत्तर-पश्चिम दिल्ली के शालीमार बाग इलाके में लूटपाट के बाद एक महिला की हत्या कर दी गई। मृतका की शिनाख्त रजनी मदान (57) के रूप में हुई है। हत्या का खुलासा मंगलवार रात उस समय हुआ जब रजनी का बेटा दफ्तर से घर पहुंचा। लोहे का मेन गेट खुला था, जबकि घर के अंदर वाले दरवाजे पर बाहर से ताला लगा था। बेटे ने मामले की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ताला तोड़कर घर के अंदर घुसी तो बिस्तर पर रजनी की लाश थी। घर का सारा सामान भी फैला हुआ था। पुलिस को आशंका है कि किसी जानकार ने मुंह दबाकर महिला की हत्या की है।
               महिला के बेटे चेतन मदान ने बताया है कि घर से करीब 40 लाख के गहने और पांच लाख रुपये कैश गायब है। शालीमार थाना पुलिस हत्या का मामला दर्ज कर छानबीन में जुटी है। क्राइम टीम के अलावा एफएसएल की टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं। शुरुआती जांच के बाद पुलिस का कहना है कि घर में फ्रेंडली एंट्री हुई है। वारदात में परिवार के किसी करीबी का हाथ हो सकता है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों से छानबीन में जुटी है।
             पुलिस के मुताबिक रजनी अपने परिवार के साथ बीबी-ब्लॉक, ईस्ट शालीमार बाग में तीसरी मंजिल पर रहती थीं। इनके परिवार में बेटा चेतन मदान (25) है। चार माह पूर्व रजनी के पति राजपाल मदान की मौत हो गई थी। फिलहाल इनका बेटा नोएडा की एक कंपनी में प्राइवेट नौकरी करता है। रोज की तरह मंगलवार सुबह चेतन दफ्तर चला गया। सुबह करीब 9.15 बजे उसने मां को कॉल किया। दोनों की बात हुई, लेकिन दोपहर 2.55 बजे चेतन ने मां को कॉल किया तो उनका नंबर बंद मिला। दिन में चेतन ने कई बार मां को कॉल किया, लेकिन हर बार मोबाइल स्विच ऑफ था।चेतन के बयान पर पुलिस ने मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। पुलिस को घर के आसपास की एक सीसीटीवी फुटेज मिली है, उसमें आरोपी कैद तो मिले हैं, लेकिन उनके चेहरे साफ नहीं है। पुलिस चेतन से पूछताछ कर मामले की छानबीन में जुटी है। पुलिस रजनी की मोबाइल कॉल डिटेल निकलवाकर उससे पड़ताल कर रही है।

माता-पिता की जाने से सदमे में बेटा
मां की मौत के बाद चेतन सदमे में है। चार माह पूर्व ही उसके पिता राजपाल मदान की दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई थी। अब मां की हत्या ने उसे बुरी तरह से तोड़ दिया है। चेतन का कहना है कि मां कभी भी अंजान लोगों के लिए दरवाजा नहीं खोलती थी। किसी बेहद करीबी ने वारदात को अंजाम दिया है। रजनी के एक रिश्तेदार ने बताया कि चेतन के पिता राजपाल का चांदनी चौक इलाके में दुपट्टे के होलसेल का कारोबार था। वह चांदनी चौक के कारोबारियों को माल देते थे।
             इनके परिवार के ज्यादातर लोग पंजाब के अमृतसर में रहते हैं। मौत की खबर के बाद सारे रिश्तेदार दिल्ली आ गए थे। चेतन ने बताया कि वह दिनभर मां को कॉल करता रहा। लेकिन मां का फोन बंद मिला। दिनभर वह परेशान रहा। रात को जब वह घर पहुंचा तो घर पर ताला लगा था। उसने पड़ोस में रहने वाले अपने दोस्त को कॉल किया। इसके बाद दोनों ने मां को मार्केट और गुरुद्वारे में ढूंढा।
            दोनों को लगा कि शायद रजनी मार्केट या गुरुद्वारे चली गई होंगी। लेकिन कुछ अटपटा लगने पर उसने रात करीब 10 बजे पुलिस को खबर दी। पुलिस ने घर का दरवाजा खोला तो अंदर बिस्तर पर रजनी का शव पड़ा था। कमरे में तेज आवाज में टीवी चल रहा था। पुलिस आशंका जता रही है कि किसी ने बातचीत के दौरान ही वारदात को अंजाम दिया। इसके बाद शव पर कंबल डालकर फरार हो गया।

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