केरल/- कांग्रेस में अध्यक्ष पद के चुनाव और उम्मीदवारी की चर्चाओं के बीच राहुल गांधी ने अशोक गहलोत को लेकर बड़ा संकेत दिया है। उन्होने इशारा किया है कि अगर अशोक गहलोत कांग्रेस अध्यक्ष बनते हैं तो उन्हें मुख्यमंत्री का पद छोड़ना पड़ेगा। केरल में राहुल गांधी ने ’वन मैन वन पोस्ट’ का समर्थन करते हुए कहा, हमने उदयपुर में जो वादा किया था, उसे निभाया जाएगा। बता दें कि ऐसा मान जा रहा है कि अध्यक्ष पद के लिए अशोक गहलोत गांधी परिवार की पहली पसंद हैं।
राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि अशोक गहलोत मुख्यमंत्री पद नहीं छोड़ना चाहते हैं। एक दिन पहले ही वह सोनिया गांधी से मिलने दिल्ली पहुंचे थे। उनसे सवाल किया गया था कि अगर वह अध्यक्ष बनते हैं तो क्या मुख्यमंत्री पद छोड़ेंगे और सचिन पायलट को मौका देंगे? इस पर बात को टालते हुए गहलोत ने कहा था कि वह तो सभी पद छोड़ने को तैयार हैं। उन्होंने कहा था कि पद छोड़ना है या नहीं इसका फैसला केवल पार्टी और लोग ही करेंगे।
अशोक गहलोत और सचिन पायलट के बीच तनातनी किसी से छिपी नहीं है। 2020 में तो ऐसा लग रहा था कि सचिन पायलट के विद्रोह की वजह से सरकार ही गिर जाएगी लेकिन फिर स्थितियां संभल गईं। अब भी पार्टी में विद्रोह की खबरें आती रहती हैं। वहीं इसी साल उदयपुर में कांग्रेस ने तीन दिन का शिविर आयोजित किया था जिसमें ’वन मैन वन पोस्ट’ के नियम का पालन करने की बात हुई थी।
अध्यक्ष पद की दौड़ में शशि थरूर और अशोक गहलोत ने सोनिया गांधी से मुलाकात की है। सोनिया गांधी के मुताबिक उन्होंने दोनों से ही कहा है कि जो चाहे, वह चुनाव लड़ सकता है। पार्टी कोई नाम नहीं आगे करेगी। वहीं अशोक गहलोत ने कहा था कि वह चाहते हैं कि राहुल गांधी ही अध्यक्ष बनें। हालांकि राहुल गांधी चुनाव मैदान में उतरेंगे या नहीं यह अब तक सस्पेंस बना हुआ है। उधार दिग्विजय सिंह ने भी चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है। उनका कहना है कि आखिर उन्हें इस रेस से बाहर क्यों रखा जा रहा है।


More Stories
डीएवी पब्लिक स्कूल के नन्हे-मुन्नों ने लिया रेन डांस का मजा
डीएवी पब्लिक स्कूल के बच्चों ने मदर्स डे पर की दिल छूने वाली गतिविधि
नजफगढ़ में ड्रग्स माफियाओं के अवैध निर्माण पर चला पीला पंजा
द्वारका में चल रहा सह-योग शिक्षक प्रशिक्षण शिविर
खेती व किसान के हित में दिल्ली सरकार का बड़ा फैसला सराहनीय थान सिंह यादव
नाइट रनर दिल्ली 2026 में बीआरजी का दबदबा