नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/- पश्चिम बंगाल हिंसा मामले को भाजपा द्वारा नरसंहार बताये जाने पर मुख्यमंत्री ममता बैनर्जी ने पलटवार करते हुए कहा कि ये यूपी नही है हमारा बंगाल है। अपने लोगों की सुरक्षा के लिए जो भी करना है हम करेंगे। यहां बता दें कि बीरभूम जिले में तृणमूल कांग्रेस के नेता भादू शेख की हत्या के बाद भड़की हिंसा में 2 बच्चों सहित 10 लोगों की मौत हो गई थी। जिस बागतुई गांव में आगजनी हुई, वहां लोग दहशत में गांव छोड़कर जा रहे हैं। बीरभूम हिंसा में अब तक 20 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। हालांकि कोलकाता हाईकोर्ट ने इस मामले पर स्वतः संज्ञान लेते हुए दोपहर दो बजे तक मामले की रिपोर्ट जमा कराने के आदेश दिये हैं। वहीं पीएम मोदी ने इस हिंसा पर दुख जताते हुए कहा कि मैं आशा करता हूं कि राज्य सरकार बंगाल की महान धरती पर ऐसा जघन्य पाप करने वालों को जरूर सजा दिलवाएगी। केंद्र सरकार, राज्य को हर मदद देने के लिए तैयार है।

कोलकाता हाईकोर्ट ने इस मामले पर खुद हस्तक्षेप किया है। चीफ जस्टिस की खंडपीठ ने गुरुवार दोपहर 2 बजे तक राज्य सरकार से रामपुरहाट हिंसा पर रिपोर्ट मांगी है। साथ ही हाईकोर्ट ने जिला जज की मौजूदगी में ब्ब्ज्ट कैमरे लगाने और घटना स्थल की 24 घंटे निगरानी करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने ये आदेश भी दिए कि सीएफएसएल दिल्ली टीम तुरंत घटना स्थल पर जाकर जांच के लिए सुबूत इकट्ठा करे। हिंसा के चश्मदीदों को जिला जज के निर्देश के साथ डीजी और आईजीपी तत्काल सुरक्षा दी जाए।
बीरभूम हिंसा के मामले में सीएम ममता बनर्जी ने भाजपा को आड़े हाथों लिया है। ममता ने कहा- सरकार हमारी है, हमें अपने लोगों की चिंता है। हम कभी नहीं चाहेंगे कि किसी को तकलीफ हो। बीरभूम, रामपुरहाट की घटना दुर्भाग्यपूर्ण है। मैंने ओसी, एसडीपीओ को तत्काल बर्खास्त कर दिया है। मैं कल रामपुरहाट जाऊंगी। ममता बनर्जी ने कहा कि मैं रामपुरहाट की घटना को सही नहीं ठहरा रही हूं लेकिन गुजरात और राजस्थान में भी इस तरह की घटनाएं हो चुकी हैं। हम निष्पक्ष कार्रवाई करेंगे। यह बंगाल है, उत्तर प्रदेश नहीं। मैंने तृणमूल कांग्रेस का एक प्रतिनिधिमंडल हाथरस भेजा था लेकिन हमें जाने नहीं दिया गया। लेकिन हम किसी को यहां आने से नहीं रोक रहे हैं। इस मामले की जांच के लिए सीएम ममता बनर्जी ने सीआईडी के एडीशनल डायरेक्टर ज्ञानवंत सिंह की अध्यक्षता में एसआईटी का गठन किया है जो मामले की जांच के लिए बीरभूम के रामपुरहाट पहुंच चुकी है।
बीरभूम में भड़की हिंसा के बाद राज्यपाल जगदीप धनखड़ ने बंगाल सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि इस घटना से पता चलता है कि राज्य में सिर्फ हिंसा और अराजकता है। मैंने चीफ सेक्रेटरी से घटना पर अपडेट मांगा है। मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के परिवार के साथ है।
बीरभूम जिले में भड़की हिंसा के बाद गृह मंत्रालय ने पश्चिम बंगाल सरकार से आम लोगों की सुरक्षा के लिए कड़े कदम उठाने के लिए कहा है। मंत्रालय के अधिकारियों ने बताया कि बीरभूम की घटना को लेकर बंगाल के बीजेपी अध्यक्ष सुकांतो मजूमदार के नेतृत्व में भाजपा सांसदों ने मुलाकात की है। गृह मंत्री अमित शाह पूरे मामले को खुद देख रहे हैं। गृह मंत्रालय ने राज्य सरकार से इस पर रिपोर्ट तलब की है। राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने पुलिस अधीक्षक बीरभूम और डीजीपी पश्चिम बंगाल को नोटिस जारी कर जानकारी मांगी है।


More Stories
92% अंक आने के बाद भी टूटी छात्रा, पढ़ाई के दबाव ने छीनी मुस्कान
लुधियाना में हर्निया ऑपरेशन के दौरान मरीज ने गाए गीत
अमेरिका-ईरान वार्ता का दूसरा दौर इस्लामाबाद में संभव
होर्मुज सम्मेलन में मैक्रों-मेलोनी की मुलाकात चर्चा में
विक्की ठक्कर गैंग के दो शातिर बदमाश मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार
दुष्यंत चौटाला बोले- “सीआईए ने घरों में घुसकर की अभद्रता