गुरूग्राम उपायुक्त डा. यश गर्ग ने रेन वाॅटर हाॅर्वेस्टिंग को लेकर अधिकारियों के साथ बैठक की

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

October 2026
MTWTFSS
 1234
567891011
12131415161718
19202122232425
262728293031 
October 17, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

गुरूग्राम उपायुक्त डा. यश गर्ग ने रेन वाॅटर हाॅर्वेस्टिंग को लेकर अधिकारियों के साथ बैठक की

गुरूग्राम उपायुक्त डा. यश गर्ग ने रेन वाॅटर हाॅर्वेस्टिंग को लेकर अधिकारियों के साथ बैठक की

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/गुरूग्राम/नई दिल्ली/प्रदीप यादव/शिव कुमार यादव/भावना शर्मा/- गुरूग्राम के उपायुक्त डा. यश गर्ग ने रेन वाॅटर हाॅर्वेस्टिंग को लेकर विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ अपने कार्यालय में बैठक की और जिन विभागों के अधिकार क्षेत्र में रेन वाॅटर हाॅर्वेस्टिंग स्ट्रक्चर बने हुए हैं उन्हें हर हाल में उन  स्ट्रक्चरों को चैक करवाकर 30 जून तक चालू हालत में करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संबंधित विभाग अथवा ऐजेंसियां अभी से जुट जाएं ताकि मानसून के आगमन से पहले जिला में बरसाती पानी का प्रबंधन अच्छे तरीके से हो सके।              बैठक में बताया गया कि रेन वाॅटर हाॅर्वेस्टिंग के 413 स्ट्रक्चर नगर निगम क्षेत्र में पड़ते हैं, जिनका सर्वे वाॅपकोस के सहयोग से करवाया जा रहा है। नगर निगम के अधिकारियों ने उपायुक्त को अवगत करवाया कि सर्वे में जिन स्ट्रक्चरों में खामी पाई जा रही है, उन्हें वाॅपकोस की मदद से दूर भी करवाया जा रहा है। इस पर उपायुक्त डा. गर्ग ने कहा कि नगर निगम सहित सभी ऐजेंसियां अपने अधिकार क्षेत्र में रेन वाॅटर हार्वेस्टिंग अर्थात् बरसाती पानी संचयन के स्ट्रक्चरों को चैक करवा लें और उनकी मैपिंग करके ‘वन मैप गुरूग्राम‘ पर अपलोड करें। डा. गर्ग ने कहा कि गुरूग्राम नगर निगम के अलावा नवगठित मानेसर नगर निगम तथा ग्रामीण क्षेत्र में भी रेन वाॅटर हार्वेस्टिंग स्ट्रक्चरों का सर्वे करवाएं और जहां आवश्यकता हो वहां पर नए स्ट्रक्चर भी बनवाए जाएं। नगर निगम गुरूग्राम के अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि बरसात से पहले उनके अधिकार क्षेत्र के सभी स्ट्रक्चर सुचारू कर दिए जाएंगे और अगले वित्तवर्ष में 150 नए स्ट्रक्चर बनाने का लक्ष्य रखा गया है। गुरूग्राम जिला में मुख्य बड़ी सेवाएं जैसे सड़कें, पेयजल आपूर्ति, सीवरेज आदि गुरूग्राम महानगर विकास प्राधिकरण के अधिकार क्षेत्र में पड़ती हैं। प्राधिकरण के प्रतिनिधि ने बताया कि अरावली क्षेत्र में बड़े-बड़े बेसिन और चैकडैम बनाकर बरसाती पानी उनमें इक्कट्ठा किया जाएगा, जो धीरे-धीरे रिसकर जमीन में जाएगा। इसके अलावा प्राधिकरण ने निर्णय लिया है कि जो भी बड़ी ड्रेन बनेगी उनका तल (बैड) कच्चा रखा जाएगा। यही नहीं, बड़ी सड़कों के साथ बनी ग्रीन बैल्ट के लैवल को सड़क से नीचा रखा जाएगा ताकि सड़क का पानी ग्रीन बैल्ट में बह जाए और रिसकर जमीन में चला जाए।                        उपायुक्त ने सभी सरकारी विभागों तथा ऐजेंसियों के रेन वाॅटर हाॅर्वेस्टिंग स्ट्रक्चरों को सुचारू करने के साथ-साथ निजी संस्थानों में लगे स्ट्रक्चरों को चैक करवाने के आदेश भी दिए हैं। उन्होंने कहा कि जिन परिसरों में रेन वाॅटर हार्वेस्टिंग के स्ट्रक्चर लगे हुए हैं, उनकी मैनेजमेंट अथवा रैजीडेंट वैलफेयर एसोसिएशन उन स्ट्रक्चरों को चैक करवाकर उनका सही ढंग से संचालित होना सुनिश्चित करें अन्यथा बाद में सर्वे के दौरान यदि रेन वाॅटर हार्वेस्टिंग का स्ट्रक्चर ठीक नहीं पाया गया तो उन्हें नोटिस जारी करते हुए उनका आॅक्युपेशन सर्टिफिकेट भी कैंसल किया जा सकता है। डा. गर्ग ने कहा कि स्ट्रक्चरों के सर्वे के लिए अधिकारियों की टीमें गठित की जाएंगी जो जिला के अलग-अलग हिस्सों में काम करेंगी। इसके लिए एक्शन प्लान बनाकर कार्यवाही की जाएगी। शुरूआती दौर में बड़े परिसरों वाले संस्थान जैसे स्कूल, काॅलेज, अस्पताल, होटल, काॅर्पोरेट कंपनियों, उद्योगों आदि के कार्यालय परिसरों को लिया जाएगा। उसके बाद निजी घरों का सर्वे होगा। साथ ही उपायुक्त ने यह भी कहा कि वे हर महीने इस कार्य की समीक्षा स्वयं करेंगे। लाईसेंस प्राप्त काॅलोनियों में नगर एवं ग्राम आयोजना विभाग के सहयोग से रेन वाॅटर हाॅर्वेस्ंिटग स्ट्रक्चरों का सर्वे करवाया जाएगा।                         इस अवसर पर नगर निगम गुरूग्राम के मुख्य अभियंता, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी नरेंद्र सारवान, नगर एवं ग्राम आयोजना विभाग से एटीपी सुरेखा यादव, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण से एसडीओ रामपाल यादव, गुरूजल सोसायटी के सदस्यगण उपस्थित थे।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox