PM मोदी से मिलने को उत्सुक नोबेल विजेता मारिया मचाडो की खास अपील

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
March 7, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

PM मोदी से मिलने को उत्सुक नोबेल विजेता मारिया मचाडो की खास अपील

मानसी शर्मा/-   2025 के नोबेल शांति पुरस्कार की विजेता, वेनेजुएला की विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो ने हाल ही में भारत को महान लोकतंत्र और दुनिया के लिए एक उदाहरण करार दिया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से एक भावुक अपील की, जिसमें उन्होंने उम्मीद जताई कि वे जल्द ही एक स्वतंत्र वेनेजुएला में पीएम मोदी का स्वागत कर सकेंगी।
भारत को दिया महान लोकतंत्र का दर्जा

टाइम्स नाउ के साथ एक एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में माचाडो ने भारत की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि भारत एक ‘महान लोकतंत्र’ है जो कई पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत रहा है। उन्होंने कहा ‘भारत ने दुनिया को दिखाया है कि लोकतंत्र कैसे मजबूत संस्थाओं और नेतृत्व के माध्यम से फल-फूल सकता है। कई देश आपकी ओर देखते हैं।’ माचाडो ने भारत की वैश्विक भूमिका पर जोर देते हुए इसे स्वतंत्रता और लचीलापन का प्रतीक बताया।

PM मोदी से की खास अपील

इसी के साथ उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सीधी अपील की। उन्होंने कहा ‘मैं उम्मीद करती हूं कि मुझे प्रधानमंत्री मोदी से बात करने का मौका मिलेगा और हम उन्हें एक स्वतंत्र वेनेजुएला में होस्ट कर सकेंगे।’ यह अपील उनके संघर्ष को अंतरराष्ट्रीय समर्थन देने की दिशा में एक कदम है, जहां वे भारत जैसे लोकतांत्रिक देशों से सहयोग की अपेक्षा रखती हैं। उन्होंने भारत की संस्थाओं और नेतृत्व की सराहना की, जो उनके अनुसार अन्य देशों के लिए एक जिम्मेदारी भी है।

कौन हैं मारिया कोरिना माचाडो?

बता दें, मारिया कोरिना माचाडो वेनेजुएला की एक प्रमुख विपक्षी नेता हैं, जिन्हें 10अक्टूबर 2025को नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया। नॉर्वेजियन नोबेल समिति ने उन्हें यह पुरस्कार उनके देश में तानाशाही से लोकतंत्र की ओर शांतिपूर्ण संक्रमण के लिए दिए गए योगदान के लिए प्रदान किया। माचाडो ने पुरस्कार की घोषणा पर आश्चर्य और खुशी व्यक्त की और इसे वेनेजुएला के लोगों की जीत बताया। वे महात्मा गांधी के अहिंसक प्रतिरोध के सिद्धांत से प्रेरित हैं और अपने संघर्ष में इसे अपनाती रही हैं।

वेनेजुएला में राजनीतिक संकट के बीच माचाडो की भूमिका अहम रही है। वे विपक्षी गठबंधन की प्रमुख चेहरा हैं और राष्ट्रपति निकोलस मदुरो की सरकार के खिलाफ शांतिपूर्ण विरोध का नेतृत्व कर रही हैं। पुरस्कार जीतने के बाद उन्होंने विभिन्न अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपने विचार साझा किए, जिसमें अमेरिकी पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का भी समर्थन शामिल है।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox