
नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/द्वारका/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/भावना शर्मा/- नजफगढ़ में आपराधिक घटनाओं पर रोकथाम के लिए गश्त कर रही हाईवे पैट्रोल पुलिस टीम ने सोमवार को एक चार साल की मासूम को उसके परिजनों से मिलवाने का प्रशंसनिय कार्य किया है। पुलिस टीम के इस कार्य की न केवल क्षेत्र में प्रशंसा हो रही है बल्कि परिजन व लोग उन्हे बधाई भी दे रहे है।
इस संबंध में द्वारका डीसीपी एंटो अलफोंस ने बताया कि जिले में आपराधिक घटनाओं पर रोक लगाने के लिए पुलिस कई तरह के सुरक्षा के उपाय अपनाती है जिसमें हाईवे पैट्रोल पुलिस टीम भी समय-समय पर नजफगढ़ व आसपास के क्षेत्रों में अपनी गश्त करती है। उन्होने बताया कि जब टीम-9 व 12 के सदस्य एएसआई नरेन्द्र, सिपाही भवानी शंकर, देवेन्द्र कुमार व सुनील ने एक बच्ची को शाम 7 बजे के करीब सुरख रोड़ के टी प्वाइंट पर रोते पाया तो उन्होने उससे पूछताछ की लेकिन बच्ची अपने घर व माता-पिता का नाम ठीक से नही बता पा रही थी। वह बस कुछ इशारे कर रही थी। इस पर टीम ने पहले बच्ची को पानी पिलाया फिर उसे चाॅकलेट व बिस्कुट देकर उससे रोने से चुप किया। इसके बाद पुलिस ने अपनी गश्त छोड़कर मासूम को मोटरसाइकिल पर बैठाकर उसके बताये रास्ते पर चलते रहे। करीब डेढ़ किलोमीटर जाने पर बच्ची को पहचानने वाले मिल गये और उन्होने उसका घर का पता भी बता दिया। पुलिस टीम बच्ची को उसके घर नानुराम पार्क कालोनी नजफगढ़ लेकर गई और उसकी मां को बच्ची को सौंप दिया। बच्ची की मां भी बच्ची को ढूंढ ही रही थी। मां के पास जाते ही बच्चे के चेहरे पर मुस्कान लौट आई। बच्ची की मां व कालोनी वासियों ने पुलिस टीम के इस कार्य की जमकर प्रशंसा की और उन्हे बधाई भी दी। डीसीपी ने कहा की टीम ने एक मासूम को उसके घर पंहुचाकर अच्छा काम किया है जिसके लिए वो सब बधाई के पात्र हैं।





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