नजफगढ़ मेट्रो न्यूज / नई दिल्ली / मानसी शर्मा – अजवाइन एक ऐसी चीज़ है जो खाने में पड़ जाए तो उस चीज़ का स्वाद बढ़ा देती और यदि इसे कच्चा खाया जाए तो, एक दवाई का काम करती है। भारत में अजवाइन का इस्तेमाल सदियों से किया जा रहा है। पेट से जुड़ी समस्याओं में अजवाइन का कोई जवाब नहीं है। आयुर्वेद चिकित्सा में इसके ओषधीय गुणों के बारे में तो बताया ही जाता है, कई मेडिकल रिसर्च में भी अजवाइन के गुणों को साबित किया गया है। अमेरिकी नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ के एक रिसर्च में पाया गया है कि, अजवाइन एंटीबैक्टीरियल, एंटीफंगल और एंटीऑक्सीडेंट्स गुणों से भरपूर है। वहीं भारत में सदियों से अजवाइन का इस्तेमाल चर्बी को घटाने के लिए किया जाता है।
आपको बता दें कि अजवाइन में लैक्सेटिव गुण पाया जाता है। यह पाचन शक्ति को मजबूत करता है। इससे वजन कंट्रोल भी रहता है। इसके पीछे का विज्ञान यह है कि अजवाइन में थॉयमोल रसायन पाया जाता है जो इसके तेल में मौजूद रहता है। थॉयमोल आंत में गैस्ट्रिक जूस के उत्पादन को तेज कर देता है और गैस्ट्रिक जूस भोजन को अवशोषित करने के लिए अनिवार्य तत्व है। इसके साथ ही जब शरीर में पाचन शक्ति मजबूत होगी तो वजन पर कंट्रोल होगा। इसके अलावा अजवाइन में मौजूद फाइबर भोजन को पचाने में मदद करता है।


More Stories
उत्तर जिला पुलिस की बड़ी कार्रवाई, ऑटो लिफ्टर गैंग का भंडाफोड़
भारत मंडपम में एआई समिट के दौरान हंगामा, यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी
ट्रेन रवाना होने से 15 मिनट पहले तक बदल सकेंगे बोर्डिंग स्टेशन
अभिनेता रणवीर सिंह को मिली फिरौती की धमकी
दिल्ली सरकार के एक साल पर रेखा गुप्ता का दावा, ‘काम करने का तरीका पूरी तरह बदला’
अंतरधार्मिक प्रेम संबंध को लेकर बड़े भाई पर गला दबाकर हत्या का आरोप