‘अजित की इच्छा पूरी होनी चाहिए’, 12 फरवरी को था फैसला तय

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

July 2026
M T W T F S S
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
2728293031  
July 18, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

-एनसीपी के विलय पर शरद पवार का बड़ा बयान

बारामती/उमा सक्सेना/-  महाराष्ट्र की राजनीति में एनसीपी के दोनों गुटों के संभावित एकीकरण को लेकर चर्चाओं के बीच एनसीपी-एसपी प्रमुख शरद पवार का बड़ा बयान सामने आया है। बारामती में मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्टी के विलय और गठबंधन से जुड़ी कई खबरें केवल अटकलें हैं, जबकि वास्तविकता इससे अलग है। पवार ने कहा कि उन्हें सुनेत्रा पवार के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ लेने या किसी औपचारिक निर्णय की कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है।

विलय की प्रक्रिया पर क्या बोले पवार
शरद पवार ने बताया कि उनकी पार्टी और अजित पवार के नेतृत्व वाले गुट के बीच साथ मिलकर काम करने को लेकर बातचीत शुरू हुई थी और इस दिशा में आगे बढ़ने की योजना भी बनाई गई थी। उन्होंने कहा कि दोनों दलों को एक मंच पर लाना दिवंगत अजित पवार की प्रमुख इच्छा थी और इस पर 12 फरवरी को औपचारिक निर्णय होने वाला था। हालांकि, उनके असामयिक निधन के बाद यह प्रक्रिया फिलहाल रुक गई है।

उपमुख्यमंत्री पद पर अनिश्चितता
महाराष्ट्र में उपमुख्यमंत्री पद को लेकर चल रही चर्चाओं पर पवार ने साफ किया कि इस विषय में उनसे कोई सलाह-मशविरा नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि पार्टी के अंदरूनी फैसलों की जानकारी मीडिया में देखने को मिल रही है, लेकिन आधिकारिक तौर पर उनसे कोई बात साझा नहीं की गई।

अजित पवार को किया याद, हुए भावुक
बातचीत के दौरान शरद पवार अपने भतीजे और पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार को याद करते हुए भावुक नजर आए। उन्होंने कहा कि अजित एक प्रतिबद्ध और जनहित के प्रति समर्पित नेता थे, जिन्होंने हमेशा जनता की समस्याओं को प्राथमिकता दी। उनके अचानक चले जाने से न केवल परिवार बल्कि पूरे राज्य को गहरा आघात पहुंचा है। पवार ने भरोसा जताया कि नई पीढ़ी उनकी विरासत को आगे बढ़ाएगी और जनता की सेवा का सिलसिला जारी रखेगी।

एनसीपी-एसपी प्रमुख ने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में संगठन को मजबूत करना और लोगों की अपेक्षाओं पर खरा उतरना ही प्राथमिकता है। पार्टी कार्यकर्ताओं से उन्होंने संयम और एकजुटता बनाए रखने की अपील की, ताकि भविष्य में किसी भी राजनीतिक निर्णय को सामूहिक सहमति से लिया जा सके।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox