यूपी में भाजपा से रूष्ट हुए राम, मोदी नही भूना पाये रामनाम

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January 20, 2026

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यूपी में भाजपा से रूष्ट हुए राम, मोदी नही भूना पाये रामनाम

-क्या राम की प्राण प्रतिष्ठा में रह गई कमी, या जनता ने नकारा मोदी का राम नाम

नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/ – यूपी में जिस तरह से लोकसभा सीटों के रूझान सामने आ रहे है उससे तो लगता है कि यूपी में भगवान राम भाजपा से रूष्ट हो गये है। यही कारण है कि रामनाम पर चुनाव लड़ने वाले राम का नाम नही भूना पाए और जनसमर्थन उनसे काफी दूर चला गया।

             जिस तरह से अयोध्या में भगवान राम की प्राण प्रतिष्ठा को पीएम मोदी व भाजपा ने मिलकर किया था उससे एक समय तो यही लगता था कि इसबार भाजपा यूपी 80 की 80 सीटें जीतेगी और भाजपा अपने 400 पार के नारे को सार्थक करेगी। लेकिन जैसे ही 4 जून को सीटों का रूझान आने लगा तो भाजपा को इससे बड़ा झटका लगा। हालांकि अभी यह रूझान ही यह अभी परिणाम आने बाकि है। लेकिन फिर भी सपा और कांग्रेस इतने उत्साहित है कि जैसे उन्होने पूरा देश जीत लिया।
           यह अब सामने आ गया है कि भाजपा को राम नाम का कोई फायदा नही हुआ। इस पर अब राजनीतिक धुरंधरों ने तो भाजपा पर तंज कसने शुरू कर दिए हैं। लोगों का कहना है कि भाजपा ने जिस तरह से भगवान राम का राजनीतिकरण किया था उससे भगवान राम भाजपा से रूष्ट हो गये है। यही कारण है कि सपा व कांग्रेस यूपी में ऐसा प्रदर्शन कर पाए। अब भाजपा को एकबार फिर सनातन व भगवान राम को लेकर मंथन करना होगा। क्योंकि देश में सिर्फ सनातन से ही राज नही किया जा सकता। देश में दूसरे धर्मों के लोग भी रहते है जिन्हे हम अनदेखा नही कर सकते। लोगों का कहना है कि भाजपा ने देश को जो बड़ी आर्थिक शक्ति बनाने का दावा किया है वह सिर्फ एक धर्म से नही बन सकती इसमे सबका साथ- सबका विकास चाहिएगा।
           अब धीरे-धीरे स्थिति साफ होती जा रही है। जिसके बाद भाजपा को यह सोचना होगा कि उनकी ऐसी कौन सी गलती थी जिसके चलते वह अपने 400 पार के नारे के आसपास भी नही पंहुच पाऐं। वही कांग्रेस भी अपने 295 के नारे के पास नही पंहुच पाएं लेकिन फिर भी इंडी गठबंधन की तरफ से बार-बार घोषणा की जा रही है कि कांग्रेस व शरद पवार कुछ बड़ा करने वाले हैं। वहीं आरजेडी भी अब नीतीश पर फिर से डोरे डालने लगी है। लेकिन स्थिति एक दो दिन बाद ही स्पष्ट हो पाएगी।

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