प्रशासनिक कदम पर हो रही राजनीति, उपराज्यपाल ने सीएम केजरीवाल को लिखा पत्र

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
March 3, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

प्रशासनिक कदम पर हो रही राजनीति, उपराज्यपाल ने सीएम केजरीवाल को लिखा पत्र

-दिल्ली सरकार और एलजी में फिर टकराव? इसबार उपमुख्यमंत्री की कार्यशैली निशाने पर

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/नई दिल्ली/भावना शर्मा/- दिल्ली सरकार और उपराज्यपाल के बीच एक बार फिर टकराव की स्थिति बनती दिख रही है। सूत्रों की मानें तो उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर कहा है कि उपमुख्यमंत्री अनावश्यक तौर पर एक प्रशासनिक कदम का राजनीतिकरण कर रहे हैं। सक्सेना ने 21 जून को उपमुख्यमंत्री द्वारा लिखे गए पत्र का जवाब दिया है।
               उपराज्यपाल ने कहा है कि उपमुख्यमंत्री ने सात कोविड अस्पतालों के निर्माण मामले में एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) द्वारा जांच पर सवाल उठाए हैं। उनका पत्र तथ्यता और कानूनी रूप से गलत है और एक प्रशासनिक कदम का गैर-जरूरी रूप से राजनीतिकरण किया जा रहा है।
               सक्सेना ने कहा, पत्र में उन्होंने कहा है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार कार्मिक सेवाएं विधानसभा के अंतर्गत नहीं हैं। उपराज्यपाल ने कोविड अस्पताल के मामले में पहले ही जांच बंद हो जाने की बात को भी गलत करार दिया। पत्र में उन्होंने कहा है कि इस मामले में जांच बंद नहीं हुई थी इसलिए यह कहना है कि फिर से इस मामले को खोला जा रहा है, पूरी तरह से गलत है।
               दिल्ली के अधिकारियों को जांच करने की अनुमति देने को लेकर दिल्ली सरकार के सूत्रों का कहना है कि ऐसा करना निर्वाचित सरकार के अधिकार क्षेत्र में हैं। सरकार के सूत्रों का दावा है कि जांच की अनुमति देना सेवाओं के दायरे में नहीं आता है। सरकार के अधिकारिक सूत्रों के मुताबिक तथ्य यह है कि पूर्व एलजी ने किसी भी मामले की जांच करने के लिए बीते चार महीनों में न तो कोई अनुमति दी और न ही निर्वाचित सरकार से सलाह मांगी, यह दर्शाता है कि उन्हें शिकायत में कोई योग्यता नहीं मिली।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox