मानसी शर्मा /- बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने 01 जनवरी 2025 तक दिल्ली में पटाखों को बैन करने का आदेश जारी किया था। बावजूद इसके पटाखों पर लगे प्रतिबंध का उल्लंघन किया गया है। जिसके बाद अब सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली सरकार को फटकार लगाई है। कोर्ट ने 04 नवंबर यानी आज दिल्ली सरकार और पुलिस से दिवाली के दौरान पटाखों पर लगाए गए प्रतिबंध पर तत्काल जवाब मांगा है।
इसकेे लिए कोर्ट ने दिल्ली सरकार और पुलिस आयुक्त को नोटिस भेजा हैं। इसके अलावा कोर्ट ने पंजाब, हरियाणा में पराली जलने पर भी नाराजगी जाहिर करते हुए दोनों राज्य सरकारों से जवाब मांगा है। आपको बता दें, हर साल इस तरह का प्रतिबंध पटाखों और पराली न जलाने पर लगाया जाता है, लेकिन हमेशा उसे नजरअंदाज कर दिया जाता है। जिससे कई दिनों तक राज्य और आसपास के क्षेत्रों में जहरीली हवा बनी रहती है।
पटाखों को किया गया बैन
दरअसल, दशहरे के बाद से ही दिल्ली-NCRमें प्रदूषण बढ़ता ही जा रहा था। जिसे देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने 01 जनवरी 2025 तक दिल्ली में पटाखों को बैन करने का आदेश जारी किया था। लेकिन दिवाली के बाद से दिल्ली-NCRकी हवा लगातार जहरीली होती जा रही है। जिसे लेकर कोर्ट ने सख्त टिप्पणी की है। कोर्ट ने कहा है कि अगले साल से इसका सख्त पालन सुनिश्चित हो।’
कोर्ट ने सरकार से मांगा जवाब
सुप्रीम कोर्ट ने सरकार से पूछा कि पटाखों पर प्रतिबंध क्यों लागू नहीं किया गया? प्रतिबंध था तो पटाखे कैसे चलाए गए? कोर्ट ने दिल्ली सरकार और पुलिस कमिश्नर से जवाब मांगा है कि वे ऐसे क्या कदम उठाएंगे, ताकि अगले साल ऐसा न हो। इस मामले की अगली सुनवाई 11 नवंबर को होगी। साथ ही, कोर्ट ने यह भी कहा कि वह शादी और चुनाव जैसे मौकों पर भी आतिशबाजी पर रोक लगाने पर विचार कर रहा हैं।
वहीं कोर्ट ने हरियाणा और पंजाब की सरकारों से अक्तूबर के आखिरी दस दिनों के दौरान पराली जलाने की घटनाओं की संख्या बताते हुए हलफनामा दाखिल करने को कहा है।


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