करवाचौथ की रात लुटेरन दुल्हनों का मास्टर प्लान, 12 घरों का भरोसा टूट गया

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

September 2026
M T W T F S S
 123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
282930  
September 9, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

करवाचौथ की रात लुटेरन दुल्हनों का मास्टर प्लान, 12 घरों का भरोसा टूट गया

उत्तर प्रदेश/उमा सक्सेना/-     उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ ज़िले में विवाह के नाम पर एक ऐसा सुनियोजित ठगी कांड सामने आया है जिसने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी है। बताया जा रहा है कि बिहार से लाई गई 12 युवतियों की शादी 9 से 10 अक्टूबर के बीच इलाके के अलग-अलग युवकों से कराई गई। परिवारों को लगा कि यह पारंपरिक रिश्तों के तहत हुई साधारण शादियां हैं, लेकिन इन सबके पीछे एक गहरी योजना छुपी हुई थी जिसे किसी ने भांप तक नहीं पाया।

बिहार से लाई गई युवतियों को दुल्हन बनाकर रचाया गया ठगी का नाटकीय विवाह समारोह
स्थानीय सूत्रों के अनुसार इन युवतियों को एक संगठित गिरोह के माध्यम से अलीगढ़ लाया गया। परिवारों को यह यकीन दिलाया गया कि ये रिश्ते सामाजिक माध्यमों से तय हुए हैं। जल्दी-जल्दी में संपन्न कराए गए इन विवाह समारोहों में वर पक्ष को न तो रिश्तेदारों से मिलने का मौका मिला और न ही दुल्हनों के परिवारिक पृष्ठभूमि की कोई वास्तविक जांच की गई।

करवाचौथ का व्रत रखकर जीता विश्वास, फिर सोने-नकदी पर किया हाथ साफ
योजना इतनी बारीकी से बनाई गई कि करवाचौथ जैसे भावनात्मक और आस्था से जुड़े पर्व को भी इस गिरोह ने अपने स्वार्थ के लिए हथियार बना लिया। सभी युवतियों ने विधि-विधान से व्रत रखा, रात को चांद देखकर पूजा की, परंपराओं का पालन करते हुए अपने नए परिवारों के साथ घुलमिल गईं। इस विश्वास भरे माहौल में किसी को अंदेशा भी नहीं हुआ कि यह भावनाएं छलावे का हिस्सा हैं।

पूजन के तुरंत बाद शुरू हुई भागदौड़, गहने और नकदी लेकर गायब
पूजा समाप्त होने के बाद देर रात, जैसे ही परिवारों का ध्यान बंटा, सभी युवतियां अचानक गायब हो गईं। घरों से जेवरात, नकदी और बहुमूल्य सामान लेकर वे फरार हो चुकी थीं। सुबह होते-होते यह खबर पूरे गांव में फैल गई और हर कोई इस ठगी के तरीके को सुनकर हैरान रह गया। स्थानीय पुलिस को मामले की जानकारी दी गई और ठगी के शिकार बने परिवारों ने सामूहिक तहरीर दर्ज कराई।

प्रशासन अलर्ट, गिरोह की तलाश में कई टीमों का गठन
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने इसकी जांच के लिए विशेष टीमों का गठन किया है। प्रारंभिक अंदाजा है कि यह कोई सामान्य ठगी नहीं, बल्कि एक बड़े इंटरस्टेट गैंग की सोची-समझी रणनीति के तहत अंजाम दिया गया अपराध है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन और संदिग्ध नंबरों के आधार पर सुराग जुटाने में लगी है।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox