यमुना बचाओं अभियान में 25 मार्च को नजफगढ़ से जायेंगे 1 लाख कार्यकर्ता

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यमुना बचाओं अभियान में 25 मार्च को नजफगढ़ से जायेंगे 1 लाख कार्यकर्ता

-25 मार्च की यमुना बचाओं रैली को लेकर नजफगढ़ के साईं बाबा मंदिर में जुटे हजारों सामाजिक कार्यकर्ता -यमुना को लेकर एनजीटी में केस डालने के विकल्प पर भी पंचायत में हुई बात

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/नई दिल्ली/भावना शर्मा/- दिल्ली कई बार उजड़ी और कई बार बसी लेकिन दिल्ली की जीवनधारा यानी यमुना नदी यूं ही अविरल बहती रही। लेकिन पिछले कुछ दशकों में हमारी गलत नीतियों ने यमुना को गंदे नाले में परिवर्तित कर दिया। आज दिल्ली की जीवनदायिनी यमुना की हालत यह हो गई है कि यमुना मैया के वजूद को बचाये रखने के लिए लोगों को सड़कों पर उतरना पड़ रहा है। इसी क्रम रविवार को नजफगढ़ के साई बाबा मंदिर में यमुना बचाओं अभियान को लेकर एक महापंचायत का आयोजन प्रकृति भक्त फाउंडेशन व नॉन वायलेंस फाउंडेशन द्वारा किया गया।

इस पंचायत की अध्यक्षता पालम 360 के प्रधान सुरेन्द्र सोलंकी ने की। पंचायत में विभिन्न संगठनों के हजारों कार्यकर्ताओं ने भाग लिया और 25 मार्च को यमुना किनारे होने वाली रैली को लेकर अपने विचार रखें। पंचायत में सामाजिक संगठनों ने नजफगढ़ से 1 लाख कार्यकर्ताओं के यमुना आरती में जाने की घोषणा की।


                       लोगों को संबोधित करते हुए पंचायत के अध्यक्ष सुरेन्द्र सोलंकी ने कहा कि यूं तो हम यमुना को मां का दर्जा देते है और उसे पूजते है लेकिन आज वही मां बिमार है और हम तमाशा देख रहे हैं। हमें यह पता होना चाहिए की अगर यमुना का वजूद है तभी दिल्ली का वजूद है। यमुना नही तो फिर दिल्ली नही बस पायेंगी। जिस तरह दिल्ली कई बार उजड़ी और कई बार बसी ठीक उसी तरह यमुना की सफाई को लेकर भी कई सरकारें आई और गई। करोड़ों रूपयों की योजनाऐं भी बनी और खर्च भी हुए लेकिन यमुना की बजाये नेताओं व अधिकारियों के घर आलिशान बंगलों में तबदील हो गई और यमुना की हालत बद से बदतर हो गई। लेकिन अब समय आ गया है जब हर कोई यमुना की अहमीयत को समझ गया है और मां यमुना के लिए कुछ भी करने को तैयार है तो अब सरकारों को भी सोचना होगा की अब यमुना को साफ करना ही होगा। साथ ही उन्होने प्रकृति भक्त फाउंडेशन के अध्यक्ष राजेश शर्मा व नान वायलेंस फाउंडेशन के अध्यक्ष शिव कुमार यादव  व लोक संसद के अध्यक्ष रविशंकर तिवारी का आभार प्रकट किया कि उन्होने मां यमुना को स्वच्छ बनाने के लिए इतना बड़ा आंदोलन खड़ा किया। उन्होने कहा कि अब दिल्ली देहात के लोगों का एक ही उद्देश्य है मां यमुना को प्रदुषण मुक्त कर स्वच्छ व अविरल बनाना।


                   पंचायत में प्रकृति भक्त फाउंडेशन के अध्यक्ष राजेश शर्मा ने कहा कि अब यमुना मैली नही रह पायेगी। पर्यावरण व नदी की दुर्दशा अब सहन नही होगी। सरकारों ने बहुत कर लिया अब जनता तय करेगी कि मां यमुना कैसे स्वच्छ व निर्मल होगी। उन्होने कहा कि 25 मार्च को नजफगढ से करीब एक लाख सामाजिक कार्यकर्ता मां यमुना के लिए कूच करेंगे और 26 मार्च को मां यमुना की आरती कर सरकार को ज्ञापन दिया जायेगा। उन्होने आज की पंचायत के पधारे सभी प्रबुद्धजनों का आभार प्रकट किया और इस अवसर पर यमुना आंदोलन से जुड़े सैंकड़ों कार्यकर्ताओं को सम्मानित भी किया गया। श्री शर्मा ने बताया कि मां यमुना को प्रदुषण से मुक्त कराने के लिए अब लोगों के मन में अलख जग चुका है। 25 मार्च के कार्यक्रम दिल्ली देहात के साथ-साथ उत्तर भारत व पूरी दिल्ली से लाखों लोग यमुना रैली में भाग लेगें और मां यमुना की आरती करेंगे।


                   पंचायत में शिव कुमार यादव ने बताया कि इसी कड़ी में मां यमुना से जुड़ा एक बड़ा कार्यक्रम 4 जून को आयोजित होने जा रहा है जिसमें वजीराबाद से कालिंदी कुंज तक मानव श्रृंखला बनाई जायेगी क्योंकि यह वही हिस्सा जो मां यमुना को सबसे ज्यादा पीड़ा देता है। उन्होने कहा कि यमुना बचेगी तो दिल्ली बचेगी क्योंकि यमुना ही दिल्ली की जीवनधारा है। आज हम यमुना की पीड़ा महसूस कर रहे है और हम यही चाहते है कि जो सरकारों ने किया वह अब ना हो और वास्तव में यमुना के लिए काम हो। अब यमुना की सफाई के लिए पास होने वाला बजट यमुना पर ही खर्च हो ताकि फिर से यमुना की अविरल जलधारा देखने को मिले।


                    सीनियर सिटीजन एसोसिएशन के अध्यक्ष व समाजसेवी करतार सिंह ने इस मौके पर कहा कि यमुना साफ हो सकती है लेकिन इसके लिए हमे आंदोलन के साथ-साथ एनजीटी में भी यमुना के प्रदुषण को लेकर केस करना होगा। उनके इस सुझाव का सभी ने अनुमोदन किया और एक केस एनजीटी में डालने के लिए तैयारी करने का फैसला लिया गया। वहीं 4 जून को होने वाले आंदोलन के लिए पालम 360 ने अपना पूरा समर्थन देने का आश्वासन दिया। वहीं आज की पंचायत में सैंकड़ो सामाजिक संगठनों के साथ-साथ हजारों कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। इस पंचायत में मुख्य रूप से विनोद बंसल, विनोद जैन, पार्षद बांके पहलवान, सूरज गहलोत, जिले सिंह आर्य, राजेश शर्मा, शिव कुमार यादव, रवि शंकर तिवारी, आरडब्ल्यूए प्रधान सत्यदेव यादव, विक्रम देशवाल, रणबीर शौकीन, अमित गौड़, डा. आर के मेसी, औमप्रकाश लाकड़ा, डा. संजय पाराशर, संजय राठी व हरेन्द्र सिंघल ने लोगों के सामने अपने विचार रखें। वहीं सभी कार्यकर्ताओं को सम्मानित भी किया गया।  

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