जनता की आवाज ही भगवान की आवाज: अभय सिंह चौटाला

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

April 2026
M T W T F S S
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
27282930  
April 12, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

-राज्यसभा चुनाव को लेकर इनेलो का बड़ा फैसला

चंडीगढ़/उमा सक्सेना/-  चंडीगढ़ में आयोजित एक प्रेस वार्ता में इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला ने राज्यसभा चुनाव को लेकर पार्टी का रुख स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि जनता की भावना सर्वोपरि है और जनता ने उन्हें कांग्रेस तथा भारतीय जनता पार्टी दोनों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी है। इसी कारण इनेलो के विधायकों ने राज्यसभा चुनाव में मतदान से दूर रहने का निर्णय लिया है। चौटाला ने कहा कि पार्टी पहले से ही कांग्रेस से अलग रही है और भाजपा की नीतियों से भी सहमत नहीं है, इसलिए दोनों दलों से दूरी बनाए रखना ही उचित समझा गया।

विधायकों को मतदान से दूर रहने का निर्देश
अभय सिंह चौटाला ने बताया कि पार्टी ने प्रदेश की सभी विधानसभा सीटों पर अपने पर्यवेक्षक भेजे थे, जिन्होंने स्थानीय स्तर पर लोगों की राय और राजनीतिक परिस्थितियों का आकलन किया। इन पर्यवेक्षकों से प्राप्त रिपोर्ट और फीडबैक के आधार पर पार्टी ने यह फैसला लिया कि इनेलो के विधायक मतदान प्रक्रिया में हिस्सा नहीं लेंगे। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान इनेलो के विधायक आदित्य देवीलाल और अर्जुन चौटाला भी उनके साथ मौजूद रहे।

कांग्रेस पर टिकट वितरण को लेकर सवाल
चौटाला ने कांग्रेस नेतृत्व पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पिछले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की टिकटें पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के प्रभाव में बांटी गई थीं। ऐसे में यदि पार्टी के भीतर किसी प्रकार की क्रॉस वोटिंग होती है तो उसकी जिम्मेदारी भी उन्हीं पर आएगी। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के कई विधायक असंतुष्ट हैं और यही कारण है कि पार्टी के भीतर मतभेद दिखाई दे रहे हैं।

विधायकों की खरीद-फरोख्त पर उठाए सवाल
इनेलो प्रमुख ने आरोप लगाया कि राज्यसभा चुनाव के दौरान विधायकों की खरीद-फरोख्त जैसी स्थिति बन गई है, जो लोकतंत्र के लिए बेहद चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि यदि किसी पार्टी के विधायक बिकते हैं तो यह उस पार्टी के नेतृत्व और टिकट वितरण पर भी सवाल खड़े करता है। चौटाला ने कहा कि ऐसे मामलों में केवल खरीदने वाले ही नहीं बल्कि बिकने वाले भी समान रूप से दोषी होते हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि क्रॉस वोटिंग को रोकने के लिए कड़े कानून बनाए जाने चाहिए और ऐसा करने वाले नेताओं पर कम से कम छह वर्षों तक चुनाव लड़ने पर प्रतिबंध लगना चाहिए।

भाजपा और कांग्रेस पर कड़ा प्रहार
अभय सिंह चौटाला ने अपने बयान में भाजपा और कांग्रेस दोनों दलों पर तीखी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि भाजपा और कांग्रेस की राजनीति से प्रदेश को नुकसान हुआ है। उन्होंने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि भाजपा सांपनाथ है, कांग्रेस नागनाथ है और तीसरा दल बिच्छूनाथ की तरह काम कर रहा है। उनके अनुसार इन दलों की नीतियों से जनता परेशान हो चुकी है और आने वाले समय में जनता इन सभी दलों को जवाब देगी।

2029 चुनावों को लेकर किया दावा
प्रेस कॉन्फ्रेंस के अंत में चौटाला ने कहा कि प्रदेश की जनता धीरे-धीरे इन पारंपरिक दलों से दूरी बना रही है। उनका दावा है कि आने वाले 2029 के विधानसभा चुनावों में जनता भाजपा और कांग्रेस दोनों को आईना दिखाएगी और एक नई राजनीतिक दिशा तय करेगी।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox